पाकिस्तान और दुबई में बैठे लोगों के इशारे पर विदेश में रहने वाले रिश्तेदारों के नाम पर नकली वीजा जारी कर लोगों से ठगी करने वाले एक गिरोह का बरनाला पुलिस ने पर्दाफाश किया है। यह गिरोह फर्जी व्हाट्सऐप नंबरों और म्यूल बैंक अकाउंट्स के जरिए लोगों को झांसे में लेकर लाखों रुपये की ठगी करता था। डीएसपी बरनाला सतवीर सिंह ने बताया कि एसएसपी बरनाला मोहम्मद सरफराज आलम के निर्देशों के तहत साइबर अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए यह सफलता मिली है। इस संबंध में साइबर क्राइम पुलिस बरनाला में आत्मा सिंह निवासी लोहगढ़, जिला बरनाला के बयान पर 31 जनवरी 2026 को मामला दर्ज किया गया था। शिकायतकर्ता से विदेश में रहने वाले रिश्तेदार बनकर 10 लाख 19 हजार रुपये की ठगी की गई थी। मामले में चार आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। पुलिस ने इस मामले में जिला फिरोजपुर निवासी लवदीप सिंह उर्फ लवली, मलकीत सिंह, सुखप्रीत सिंह और लखविंदर सिंह को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि यह गिरोह आम लोगों को मामूली लालच देकर उनके नाम पर म्यूल बैंक अकाउंट खुलवाता था। इसके बाद विदेश में रहने वाले रिश्तेदार या वीजा एजेंट बनकर फर्जी नंबरों (+1-506-406-8565 और +6016-403-2354) से कॉल कर लोगों को गुमराह करता और उन्हीं खातों में रुपये डलवाता था।पुलिस के अनुसार, यह गिरोह पंजाब के अलावा अन्य राज्यों में भी ठगी की वारदातों को अंजाम दे चुका है। मामले की तकनीकी जांच की जा रही है और आरोपियों के बैंक खातों से संबंधित जानकारी जुटाई जा रही है। पूछताछ में यह भी सामने आया है कि आरोपी मलकीत सिंह को मैक्सिको से डिपोर्ट किया गया था, जहां उसके पाकिस्तान और दुबई में बैठे लोगों से संपर्क थे। इन्हीं संपर्कों के आधार पर उसने यह ठगी गिरोह तैयार किया और गतिविधियां शुरू कीं।पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अनजान कॉल, फर्जी वीजा ऑफर या बैंक अकाउंट से जुड़ी मांगों से सावधान रहें और ऐसी किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।












