नई दिल्ली, 17 जुलाई 2026 सिख कौम की महान विभूति, गुरुद्वारा सुधार आंदोलन के अग्रणी नेता तथा शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के संस्थापक सदस्यों में शामिल शहीद सरदार तेजा सिंह समुंदरी जी के 100वें शहीदी दिवस को समर्पित विशेष गुरमति समागम का आयोजन दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी द्वारा भाई लखी शाह वणजारा हॉल, गुरुद्वारा रकाब गंज साहिब में श्रद्धापूर्वक किया गया।
सरदार हरमीत सिंह कालका ने कहा कि शहीद सरदार तेजा सिंह समुंदरी का जीवन सिख कौम के लिए सेवा, बलिदान, निःस्वार्थ समर्पण तथा पंथक नेतृत्व का शाश्वत प्रेरणा स्रोत है। उन्होंने कहा कि गुरुद्वारा सुधार आंदोलन में उनकी ऐतिहासिक भूमिका तथा सिख संस्थाओं को सशक्त बनाने में दिए गए योगदान को सदैव स्मरण रखा जाएगा।
उन्होंने बताया कि समागम के दौरान दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की पूरी टीम ने सहभागिता करते हुए शहीद सरदार तेजा सिंह समुंदरी जी को श्रद्धासुमन अर्पित किए तथा उनकी अद्वितीय शहादत को नमन किया।
इस अवसर पर दिल्ली के उपराज्यपाल सरदार तरनजीत सिंह संधू, दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता, दिल्ली सरकार के कैबिनेट मंत्री सरदार मनजिंदर सिंह सिरसा, शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष सरदार हरजिंदर सिंह धामी सहित विभिन्न राजनीतिक, धार्मिक एवं सामाजिक हस्तियों, संत-महापुरुषों तथा बड़ी संख्या में संगत ने उपस्थित होकर शहीद सरदार तेजा सिंह समुंदरी जी की पंथक सेवाओं, दूरदर्शिता और महान बलिदान को श्रद्धापूर्वक याद किया।
इस अवसर पर विभिन्न वक्ताओं ने अपने संबोधनों में कहा कि शहीद सरदार तेजा सिंह समुंदरी द्वारा सिख कौम की धार्मिक स्वतंत्रता, गुरुद्वारों की स्वायत्तता तथा पंथक मर्यादा की रक्षा के लिए दिया गया बलिदान इतिहास के स्वर्णिम अक्षरों में अंकित है। उनके आदर्श आज भी युवा पीढ़ी को पंथ और समाज की निःस्वार्थ सेवा के लिए प्रेरित करते हैं।
इस विशेष समागम में उपस्थित समस्त संगत ने शहीद सरदार तेजा सिंह समुंदरी जी की पावन स्मृति को नमन करते हुए उनके दिखाए मार्ग पर चलने तथा पंथक एकता को और अधिक सुदृढ़ करने का संकल्प लिया।









